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राजनीतिक दलों की झांसा-पट्टी

PM

एक नंगा दूसरे नंगे को कहता है- ‘‘भाई तू नंगा है।’’ और लोगों को उसे दिखाता है।

नंगई इतनी बढ़ गयी है कि लोग मान लेते हैं- ‘‘हमाम में सभी नंगे हैं।’’

जिनके बदन पर कपड़े हैं, आज-कल शर्म उन्हें आती है। कोई उन्हें देखता नहीं। सत्ता और राजनीति के बाजार में वो वामपंथी दलों की तरह नजर आते हैं। जिन्हें जनता पूछती नहीं, और अपने कोसते हैं। जिनकी मुश्किल उनके अपने कपड़े हैं, जो फटे-पुराने हैं, मगर बदन पर हैं।

गोवा और पंजाब विधान सभा चुनाव से ठीक पहले, जहां ‘आम आदमी पार्टी’ के जीत और सरकार बनाने की संभावना है, और भाजपा की हालत सुधर नहीं रही है, खराब है, खबर आयी कि उसने पार्टी चंदा के मामले में करोड़ों का घोटाला किया है। चुनाव आयोग को सही जानकारी नहीं दी गयी है।

खबर यह भी आयी कि केन्द्र सरकार ने चंदे के घोटाले को रोकने के लिये चंदा लेने और देने के तरीकों को बदल दिया है। रसीदी चंदा की धनराशि घटा दी है।

दोनों ही बातें चुनावा से ठीक पहले क्यों?

क्या शेष राजनीतिक दल किसी पवित्र गंगा में नहा कर आये हैं?

भाजपा तो बड़ी कमाल की पार्टी है, केसरिया बाना, रामनामी चादर, माथे पर टीका और भ्रष्टाचार विरोधी दिखावटी चाल-ढ़ाल। देश को दुनिया के बाजार में बेचो। प्राकृतिक संसाधनों को लुटाओ। आदमी की ताकत को सस्ते में और आर्थिक विकास के लिये जो भी है उसकी बोलियां लगवाओ। अंगुलियां घी में और सिर कड़ाही में। सफलता का प्रचार इतना कि उनकी असफलताओं का दम घुट जाये। बाकी जो भी है, वह धर्म और राष्ट्र की आहुति है।

रास्ते खुले हैं भाई, चुनाव आयोग को झांसे में डाला जा सकता है। राजनीति में झांसा-पट्टी चुनावी लोकतंत्र है।

सरकार में रहने का मजा ही कुछ और है, सात खून माफ और चौदह खून करने की इजाजत। तमाम घपले-घोटालों पर लीपापोती। देखिये न, गोधरा काण्ड से लेकर साध्वी प्रज्ञा तक कितने लोग बरी हो गये। देश भ्रष्टाचार मुक्त हो गया। तमाम भ्रष्टाचारी मुक्त हैं। सरकार में जो नहीं, वही अतिवादी, आतंकी, भ्रष्टाचारी हैं।

एक भ्रष्ट सरकार के बाद दूसरी भ्रष्ट सरकार ही बनेगी।

एक बात और

क्या इस देश में जहां निजी कम्पनियां अपने हितों को साधने के लिये सरकारें बना और बिगाड़ रही हैं, राजनीतिक दलों से सौदे करती हैं, वहां से राजनीतिक भ्रष्टाचार को घटाया, रोका या खत्म किया जा सकता है?

हमाम में तो सभी नंगे हैं। मुश्किल यह है कि जिन्हें कपड़ों की मिसालें पेश करनी चाहिए, वो नंगई के ब्राण्ड हैं।

-आलोकवर्द्धन

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