बाजार में बिके पतंगों की डोर

बाजार में बिके पतंगों की डोर

खबरें फैलायी गयीं राजभवनों से कि ‘पतंग की डोर हमारे हाथों में है।’ हमने बाजार में बिके पतंगों को देखा आसमान में उड़ते, हमने देखा अपने शहर को, और छतों, मुंडेरों पर खड़े पतंगबाजों को। कौम कुनबा और जमातों से ...

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राजनीतिक दलों की झांसा-पट्टी

राजनीतिक दलों की झांसा-पट्टी

एक नंगा दूसरे नंगे को कहता है- ‘‘भाई तू नंगा है।’’ और लोगों को उसे दिखाता है। नंगई इतनी बढ़ गयी है कि लोग मान लेते हैं- ‘‘हमाम में सभी नंगे हैं।’’ जिनके बदन पर कपड़े हैं, आज-कल शर्म उन्हें ...

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बजट पर बकवास

बजट पर बकवास

सरकार ने फ्यूचर का बजट पेश किया। वर्तमान पर बातें करेंगे सरकार? हालत खराब है- देश की, दुनिया की, हमारी और आपकी भी। काहे यह भरम फैला कर रखते हैं, कि आप जो भी करेंगे आम जनता आपके साथ है। ...

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अपने को सफल दिखाने की राजनीति

अपने को सफल दिखाने की राजनीति

मोदी सरकार की ‘सफलता’ इस बात की मिसाल है कि मीडिया और संगठित प्रचारतंत्र के जरिये एक असफल सरकार को सफल दिखाया जा सकता है। यह प्रमाणित किया जा सकता है, कि सरकार की उपलब्धियां बेमिसाल हैं। भारत के राजनीतिक ...

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अपने को बचाने की लड़ाई

अपने को बचाने की लड़ाई

‘कांग्रेस’ ने थोड़ा झुक कर ही सही, उत्तर प्रदेश में ‘समाजवादी पार्टी’ से चुनावी दोस्ती गांठ ली है। एक ऐसे गठजोड़ का निर्माण हो गया है, जो ‘बहुजन समाज पार्टी’ ही नहीं ‘भारतीय जनता पार्टी’ के लिये भी चुनौती है। ...

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गणतंत्र के पक्ष में खड़ा होने की चुनौती

गणतंत्र के पक्ष में खड़ा होने की चुनौती

विभाजन के बाद देश की आजादी को सुरक्षित रखने के लिये जिस लोकतंत्र और संघीय गणतंत्र की स्थापना की गयी थी, उसकी दिशा अब बदल गयी है। प्रतीक चिन्ह और आदर्शों का स्वरूप बदल गया है। राष्ट्रगान में ‘अधिनायक’ पर ...

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ट्रंप का व्हाईट हाउस में होना

ट्रंप का व्हाईट हाउस में होना

डोनाल्ड ट्रंप व्हाईट हाउस में हैं। यह किसी के लिये अच्छी खबर नहीं है, न संयुक्त राज्य अमेरिका के लिये, और ना ही विश्व समुदाय के लिये। कहा यही जा रहा है, और प्रचारित भी यही किया जा रहा है। ...

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हमने जो सुना, हमने जो देखा है

हमने जो सुना, हमने जो देखा है

देश में सरकार हमारी है और चरवाहा कस्साई नहीं यह हमने सुना है। X X X देखा है हमने चरवाहे को मवेशियों का झुण्ड ले जाते हुए, झुण्ड में गाय-बैल भेंड़-बकरियां और माल-असबाब ढ़ोने वाले सभी मवेशी हैं, वो लोग ...

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‘आप इराक में असफल होंगे’ -सद्दाम – 2

‘आप इराक में असफल होंगे’ -सद्दाम – 2

सद्दाम हुसैन जुलाई 1979 से अप्रैल 2003 तक इराक की सत्ता में रहे। 30 दिसम्बर 2006 को ईद-अल-अदहा के दिन उन्हें फांसी दी गयी। यह दिन इस्लाम के आधार पर ‘आत्मस्वीकृति और त्याग’ का दिन है। जिसे उन्होंने कभी स्वीकार ...

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‘आप इराक में असफल होंगे’ -सद्दाम – 1

‘आप इराक में असफल होंगे’ -सद्दाम – 1

इराक की हत्या की गयी। उसके संघर्षों को सद्दाम हुसैन की तरह फांसी के फंदे से टांग दिया गया। आज भी इराक अमेरिकी साम्राज्य और साम्राज्यवादी ताकतों से उनके कारनामों के खिलाफ लड़ रहा है। अमेरिकी आतंक और ‘इस्लामिक स्टेट ...

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